shayarisms4lovers may18 49 - दोस्तों में खुलूस न ढूँढो , वरना तुम दोस्त को खो दोगे – दोस्ती की शायरी

दोस्तों में खुलूस न ढूँढो , वरना तुम दोस्त को खो दोगे – दोस्ती की शायरी

मेरा इक शौक था बेरुखी के तीर खाना भी मेरा इक शौक था दोस्तों को आज़माना भी मेरा इक शौक था दर्द उन का अपने सीने से लगाया इस लिए के चोट खा कर मुस्कराना भी मेरा इक शौक था Mera Ek Shauk Tha Berukhe Ke Teer Khana Be Mera Ik Shauk Tha Dostoon Ko […]

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