shayarisms4lovers June18 264 - तेरी ज़ुल्फे खुली हो जैसे – तेरी ज़ुल्फे उर्दू शायरी

तेरी ज़ुल्फे खुली हो जैसे – तेरी ज़ुल्फे उर्दू शायरी

मेरे मर जाने की वो सुन के खबर आई  “मोहसिन” घर से रोते हुए वो बिन ज़ुल्फ़ सँवारे निकले ज़ुल्फ़ खुली हो जैसे ऐसा लगता है तेरी ज़ुल्फ़ खुली हो जैसे होके गुलशन से सबा आज चली हो जैसे अध खुले होंठ सियाह ज़ुल्फ़ और गज़ली ऑंखें किसी शायर ने कोई ग़ज़ल तर्ज़ की हो […]

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shayarisms4lovers mar18 204 - Best Collection of Pakistani Two Lines urdu Shayari

Best Collection of Pakistani Two Lines urdu Shayari

कोई ऐसा शख्स जो पुकारता था हर घड़ी , जो जुड़ा था मुझसे लड़ी लड़ी कोई ऐसा शख्स अगर कभी , मुझे भूल जाये तो क्या करूं Koi Aisa Shakhs Jo Pukarta Tha Har Ghadi, Jo Juda Tha Mujhse Ladi Ladi Koi Aisa Shakhs Agar Kabhi, Mujhe Bhool Jaye To Kya Krun जान देने की […]

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