45+ रास्ते / रास्ता शायरी 2 लाइन – Raste / Rasta Status

45+ रास्ते / रास्ता शायरी 2 लाइन – Raste-Rasta Status

इस रास्ते में जब कोई साया न पाएगा,
ये पेड़ बहुत याद आयेंगे।।
हर सफर की मंजिल हो ये जरूरी तो नहीं,
कुछ रास्ते एक मोङ पर ही खत्म हो जाया करते हैं।।
रिश्ते और रास्ते तब ख़त्म हो जाते हैँ,
जब पाँव नहीं दिल थक जाते है।।

रास्ते / रास्ता शायरी in Urdu

रोते है तन्हा देखकर मुझको वो रास्ते,
जिन पे तेरे बग़ैर मै गुजरा कभी ना था।।
यक़ीनन रहबर-ए-मंज़िल कहीं पर रास्ता भूला,
वगर्ना क़ाफ़िले के क़ाफ़िले गुम हो नहीं सकते।।
निसार इटावी

तुम चाहे जिस रास्ते से आओ दिल में ❓
मैंने तुम्हारे लिए दिल के सारे दरवाज़े खुले रखे हैं।।

Tum Chahe Jis Raste Se Aao Dil Me ❓
Maine Tumhare Liye Dil Ke Sare Darwaze Khule Rakhe Hain।।

Rasta Status

ज़िन्दगी! मौत तेरी मंज़िल है,
दूसरा कोई रास्ता ही नहीं।।
बस इतनी सी बात पर मेरा परिचय तमाम होता है,
मैं उस रास्ते पर नही चलती जो रास्ता आम होता है।।

Raste / Rasta Shayari

अंदाज़ कुछ अलग है मेरे सोचने का,
सब को मंज़िल का शौक है मुझे रास्ते का।।

सच के रास्ते पे चलने का ये फ़ायदा हुआ,
रास्ते में कहीं भीड़ नहीं थी।।
यहाँ किसी को कोई रास्ता नहीं देता,
मुझे गिरा के अगर तुम सँभल सको तो चलो।।
निदा फ़ाज़ली
ख़्वाहिशों के क़ाफ़िले बड़े अजीब होते हैं,
ये गुज़रते वहीं से हैं जहाँ रास्ते नहीं होते।।

किसी ने पूछा कौन याद आता है, अक्सर तन्हाई में,
हमने कहा कुछ पुराने रास्ते, खुलती ज़ुल्फे और बस दो आँखें।।

Kisi Ne Puchha Kaun Yaad Aata Hain Akasar Tanhayiyon Me,
Hamane Kaha Kuchh Purane Raste, Khulati Julfe Aur Bas Do Ankhe.

सब्र के समुंद्र की गहराई से बहुत रास्ते मिल जाएँगे,
जहाँ सुकून की गहराई है और आनंद सी शीतलता है।।
मंजिलें भी जिद्दी हैं, रास्ते भी जिद्दी हैं,
देखतें हैं कल क्या हो, हौंसले भी जिद्दी हे।।
सुनो जब रास्ते ही बदल लिये,
तो अब रास्ते में आते ही क्यूं हो।।

अहल-ए-हिम्मत ने हर दौर मैं कोह काटे हैं तकदीर के,
हर तरफ रास्ते बंद हैं, ये बहाना बदल दीजिये।।
मंजर भोपाली

ज़माना जब भी मुझे मुश्किल में डाल देता है,
मेरा रब हजारों रास्ते निकाल देता है।।
अजनबी शहर के अजनबी रास्ते,
मेरी तन्हाई पर मुस्कुराते रहे,

मैं बहुत दूर तक यूँ ही चलता रहा,
तुम बहुत देर तक याद आते रहे।।

Rasta Status

वो क्या मंज़िल जहाँ से रास्ते आगे निकल जाएँ,
सो अब फिर इक सफ़र का सिलसिला करना पड़ेगा।।
इफ़्तिख़ार आरिफ़

मंज़िल पाना तो बहुत दूर की बात हैं,
गुरूर में रहोगे तो रास्ते भी न देख पाओगे।।
बहुत गुमनाम है चाहत के रास्ते,
तू भी लापता मैं भी लापता।।
छोटा सा शहर, चंद रास्ते, और वही गिनी-चुनी गलियाँ,
कमबख्त फिर भी तुमसे टकराने का इत्तेफ़ाक़ नही होता।।

रास्ते कहां खत्म होते हैं ज़िन्दगी के सफ़र में,
मंज़िल तो वही है जहां ख्वाहिशें थम जाएं।।

रास्ते / रास्ता शायरी 4 लाइन

रास्ते खुद ही तबाही के निकाले हम ने,
कर दिया दिल किसी पत्थर के हवाले हमने,

हाँ मालूम है क्या चीज़ हैं मोहब्बत यारो,
अपना ही घर जला कर देखें हैं उजाले हमने।।
मुझे किस तरफ जाना है कोई खबर नहीं,
मेरे रास्ते भी खो गये है मेरी मोहब्बत की तरह।।

मुझे ढूँढने की कोशिश मत किया कर अब,
तूने रास्ते बदले तो मैंने मंजिल ही बदल दी।।
जब सवालों के जवाब मिलने बंद हो जायें,
तो समझ लो एक मोड़ लेना है, रास्ते और रिश्ते दोनों में।।
मुड़-मुड़ कर देखा था जाते वक़्त रास्ते में उन्होंने,
जैसे कुछ जरुरी था जो वो हमें बताना भूल गये।।
मोहब्बत के रास्ते कितने भी मखमली क्यो ना हो,
खत्म तो तन्हाई के खंड़हरो में ही होते है।।

रास्ता शायरी 2 लाइन

तकलीफ की सुरंगो से जब जिंदगी गुजरती है,
रास्ते पर अक्सर अपनो के रिश्ते, हाथ व साथ छोड़ते हैं।।

आँखों के रास्ते आप मेरे दिल में उतर गये,
दिलबर आप तो हद से गुज़र गये।।

Ankhon Ke Raste Aap Mere Dil Me Utar Gaye,
Dilbar Aap To Had Se Guzar Gaye.

रास्ते अलग हैं जानते है हम,
फिर भी पता नहीं मुड़कर नसीब तेरी गली क्यों जाता है।।
दीवार क्या गिरी मेरे कच्चे मकान की फ़राज़
लोगों ने मेरे घर से रास्ते बना लिए।।

Deewar Kya Giri Mere Kachche Makan Ki Faraz
Logon Ne Mere Ghar Se Raste Bana Liye।।

रास्ते / रास्ता शायरी in Urdu

कुछ ख्वाहिशें, कुछ ख्वाब जिस रास्ते पर सफर करते हैं,
वो सुहाना रास्ता मेरे दिल से तेरे दिल तक जाता है।।

Kuchh Khwahishe, Kuchh Khwaab Jis Raste Par Safar Karate Hai,
Wo Suhaan Rasta Mere Dil Se Tere DiL Tak Jata Hai.

तुम्हारा नाम आया और हम तकने लगे रास्ते,
तुम्हारी याद आई और खिडकी खोल दी हमने।।

Tumhaara Naam Aaya Aur Ham Takane Lage Raste
Tumhaari Yaad Aayi Aur Khidaki Khol Di Hamane.

Raste / Rasta Shayari

लोग पता नही रास्ते पर टिक टॉक पर वीडियो कैसे बना लेते है,
मुझे तो रास्ते पर सेल्फी लेने में भी शर्म आती है

दूर होते नहीं जो दिल मे रहा करते हैं,
हम रहें आपके पास यही दुआ करते हैं,
ना रास्ते की फिकर ना मंज़िल का गिला,
हम तो मुसाफिर हैं मुश्किल से मिला करते हैं।।

कौन कहता है कि मुसाफिर ज़ख्मी नही होते?
रास्ते गवाह है, बस कमबख्त गवाही नही देते।।

Kaun Kahata Hai Ki Musaafir Zakhmi Nahi Hote?
Raste Gawaah Hai, Bas Kambkht Gawaahi Nahi Dete.

यूँ तो बहुत से हैं रास्तें, मुझ तक पहुंचने के,
राह-ऐ-मोहब्बत से आना, फासला कम पड़ेगा।।

रास्ते / रास्ता शायरी 4 लाइन

जो आना चाहो हज़ारों रास्ते
न आना चाहो तो हज़ारों बहाने,
मिज़ाज-ऐ-बरहम , मुश्किल रास्ता
बरसती बारिश और ख़राब मौसम।।

Jo Aana Chaho Hajaro raste ,
Na Aana Chaho To hajaro Bhane,
Mijaj e Beraham Mushkil Rasta,
Barsti barish Aur Khrab Mausam.

रास्ते के जिस दिये को समझते थे हम हक़ीर,
वो दिया घर तक पहुँचने का बहाना बन गया।।
हमसफ़र की तरह वो चला था मगर
रास्ते भर रहा अजनबी अजनबी।।
लो फिर उसी टूटे फुटे पुराने रास्ते पे
नये रास्ते अच्छे तो हैं मगर जानलेवा हैं।।
मुझ में नही, खुदा में भी फर्क है
एक रास्ते पे रखा है एक महंगे पत्थरो में दर्ज है।।
तेरे संग हुई जो गुफ्तगु आज फ़िर से,
लगा जैसे खोए रास्ते फ़िर से हमे मिल गए।।

Leave a Reply

%d bloggers like this: